Beginner's guide to birth control pills
Shutterstock/Krakenimages.com/तस्वीर में मॉडल का इस्तेमाल किया गया है।

गर्भनिरोधक गोलियों से जुड़ी सम्पूर्ण जानकारी

गर्भनिरोधक गोलियां क्या हैं? क्या इनके कई प्रकार होते हैं? अगर हां, तो आपको किसका इस्तेमाल करना चाहिए? और इनके ‘दुष्प्रभावों’ का क्या, जिनके बारे में आपने सुन रखा है? आपके सभी सवालों के जवाब देने के लिए, हमने (डॉ) मेजर समीना पारिख (रिटायर्ड), MS, PGDMLS से गर्भनिरोधक गोलियों के बारे में विस्तार से बात की।

गर्भनिरोधक गोलियां क्या हैं?

जैसा कि नाम से पता चलता है, ये ऐसी गोलियां हैं जिन्हें अनचाहे गर्भावस्था को रोकने के लिए लेने की जरूरत पड़ती है। मोटे तौर पर, ये गोलियां, हार्मोन की मदद से महिला के शरीर के अंदर अंडों के उत्पादन को रोकने में मदद करती हैं और शुक्राणुओं को अंडे में जाने से रोकती हैं। ये गर्भाशय ग्रीवा (सर्विक्स) के आसपास के श्लेष्म (म्यूकस) को मोटा बना देती हैं और इसके कारण शुक्राणु को अंडे तक पहुंचने से रोककर ये गोली गर्भधारण को रोकती है।


कितने तरह की गर्भ निरोधक गोलियां होती हैं?

आमतौर पर गर्भनिरोध गोलियां दो प्रकार की होती हैं। पहली किस्म को कम्बाइंड ओरल कंट्रासेप्टिव (सीओसी) कहा जाता है, क्योंकि इसमें दो हार्मोन होते हैं - एस्ट्रोजन और प्रोजेस्टेरोन (जैसे- माला D, माला N, ओवरल और लोएट)।

दूसरी किस्म में केवल प्रोजेस्टेरोन होता है (जैसे- सेराज़ेट)।

संयुक्त गर्भनिरोधक गोलियां दो हार्मोन के साथ, अंडे का उत्पादन रोक देती हैं। साथ ही, ये गर्भाशय ग्रीवा के आसपास के श्लेष्म (म्यूकस) को गाढ़ा कर देती हैं जिससे शुक्राणु अंदर नहीं जा पाते।

केवल एक हार्मोन वाली गोलियां, म्यूकस के गाढ़ा होने के कारण ही काम करती हैं। लेकिन ये खुराक के आधार पर भी कभी-कभी अंडे का उत्पादन भी बंद कर देती हैं।

अब बाजार में इन दोनों के कई वर्जन उपलब्ध हैं।

अधिकांश कंबाइंड ओरल कंट्रासेप्टिव (सीओसी) कम खुराक वाली गोलियां होती हैं जिनमें एस्ट्रोजेन की मात्रा इतनी कम होती है ताकि शरीर पर इसका कोई दुष्प्रभाव न पड़े।


कौन सी किस्म की गर्भनिरोधक गोली लेनी चाहिए?

कंबाइंड ओरल कंट्रासेप्टिव (सीओसी) सबसे अधिक ली जाने वाली गर्भनिरोधक गोलियां हैं। इसका कारण यह है कि ये गर्भनिरोधक गोलियों की सबसे प्रभावी नॉन-इंट्रुसिव विधि (इसमें किसी बाहरी उपकरण को लगाने या डॉक्टर की आवश्यकता नहीं) हैं। हालांकि, कुछ विशेष मामलों में एस्ट्रोजन कंपोनेंट आपके लिए उपयुक्त नहीं भी हो सकते हैं। कंबाइंड ओरल कंट्रासेप्टिव आपके लिए ठीक रहेगा या नहीं, यह जानने के लिए आपका डॉक्टर आपसे कुछ खास सवाल पूछेंगे।


मुझे गर्भनिरोधक गोलियां कहां से मिलेंगी?

ये गोलियां लगभग सभी फार्मेसियों में उपलब्ध हैं। हालांकि, डॉक्टर के पर्चे के बिना उन्हें सीधे मेडिकल स्टोर से खरीदने की सलाह नहीं दी जाती है, क्योंकि सभी गर्भनिरोधक गोलियां सभी महिलाओं के लिए उपयुक्त नहीं हैं। उदाहरण के लिए, जैसा कि पहले बताया गया है, सीओसी में एस्ट्रोजन होता है, जो कुछ मौजूदा स्वास्थ्य समस्याओं से पीड़ित महिलाओं के लिए अच्छा नहीं होता है।

एक बार जब डॉक्टर आपके लिए कोई गोली निर्धारित कर दें तो उसके बाद बिना उनसे परामर्श लिए भी आप आने वाले महीनों के लिए उन गोलियों का सेवन जारी रख सकती हैं, जब तक कि कोई अन्य सलाह न दी जाए।

गर्भनिरोधक गोलियां कैसे लें?

 गर्भनिरोधक गोलियां लेने के बारे में समझने के लिए अपने गोली के पैक को जानना बहुत महत्वपूर्ण है। ये आमतौर पर दो तरह के होते हैं - 21 गोलियों का पैक और 28 गोलियों का पैक। 28-गोलियों के पैक में, अंतिम 7 गोलियां एक अलग रंग की होती हैं। इनमें हार्मोन नहीं होते हैं।

21 और 28 दोनों गोलियों के पैक में, पैक की पहली गोली से शुरू होने वाले निशान होते हैं। बाकी गोलियां लेने के लिए पैक पर लगे तीरों की दिशा का पालन करें।

कुछ अन्य बातें भी याद रखें:

  • पैक खाली होने तक प्रतिदिन एक गोली लें।
  • गोली लेना भूलने से बचने के लिए, गोली को एक नियमित समय पर जैसे ब्रश करने के समय पर लें।
  • 28-गोली वाले पैक के मामले में, पिछला पैक खत्म होने के ठीक अगले दिन नया पैक शुरू करें।
  • 21-गोली पैक के मामले में, आपको अगला पैक शुरू करने से पहले 7 दिनों तक  इंतजार करना चाहिए।

गर्भनिरोधक गोलियां कब शुरू करें?

डॉ. पारिख के अनुसार, कोई महिला गर्भनिरोधक गोलियां लेना कब शुरू कर सकती है, यह उसकी जीवनशैली, स्वास्थ्य समस्याओं और वर्तमान परिस्थितियों पर निर्भर करता है।

पहली बार गर्भनिरोधक शुरू करते समय या नॉन-हार्मोनल तरीके (जैसे कंडोम) से स्विच करते समय:

आप महीने के किसी भी समय गोली शुरू कर सकती हैं

• अगर मासिक धर्म शुरू होने के 5 दिनों के भीतर शुरू कर रही हैं , तो बैकअप तरीके (जैसे कंडोम का उपयोग करना) की कोई आवश्यकता नहीं है।

  • अगर 5 दिनों से अधिक समय के बाद कर रही हैं, तो आप सीओसी शुरू कर सकती है लेकिन गोलियां लेने के पहले 7 दिनों तक एक बैकअप तरीका अपनाने की सलाह दी जाती है।

• आईयूडी से स्विच करने पर, सीओसी तुरंत शुरू किया जा सकता है।

हार्मोनल विधि (जैसे इंजेक्शन) से स्विच करते समय:

• यदि आप लगातार और सही तरीके से हार्मोनल तरीके का इस्तेमाल कर रही हैं या यदि यह सुनिश्चित है कि आप गर्भवती नहीं हैं, तो आप तुरंत इसका सेवन शुरू कर सकती हैं।

• यदि इंजेक्शन से स्विच किया गया है, तो आप उस समय सीओसी लेना शुरू कर सकती हैं जब दोबारा इंजेक्शन दिया गया हो।

स्तनपान कराते समय:

स्तनपान कराने वाली मां बच्चे के जन्म के छह सप्ताह बाद गर्भनिरोधक गोलियां लेना शुरू कर सकती है यदि वह बच्चे को आंशिक रूप से दूध पिला रही है। यदि उस समय तक प्रसव के बाद माहवारी फिर से शुरू नहीं होती है, तो पहले 7 दिनों के लिए कंडोम जैसी बैकअप विधि के उपयोग की सलाह दी जाती है।

• यदि कोई महिला पूरी तरह से स्तनपान करा रही है, तो वह 6 महीने के बाद गर्भनिरोधक गोलियां लेना शुरू कर सकती है या जब स्तन का दूध बच्चे का प्राथमिक भोजन नहीं रह जाता है - इनमें से जो भी पहले आए।

• अगर मां बिल्कुल भी स्तनपान नहीं करा रही है, तो वह बच्चे के जन्म के 21 से 28 दिनों के बाद गर्भनिरोधक गोलियां लेना शुरू कर सकती है। 

जब मासिक धर्म हो:

• यदि आपको गर्भावस्था, प्रसव या स्तनपान के अलावा अन्य कारणों से मासिक धर्म नहीं आता है, तो आप किसी भी समय गर्भनिरोधक गोलियों का उपयोग शुरू कर सकती हैं, जब तक कि आप सुनिश्चित हैं कि आप गर्भवती नहीं हैं

अबॉर्शन या अकाल प्रसव के मामले में:

• आप पहली या दूसरी तिमाही में अबॉरशन या अकाल प्रसव (मिसकैरेज) के बाद 7 दिनों के भीतर शुरू कर सकती हैं, बिना किसी बैकअप गर्भनिरोधक विधि की आवश्यकता के।

• यदि पहली या दूसरी तिमाही में अबॉरशन या अकाल प्रसव के बाद 7 दिनों से अधिक समय हो गया है, तो सीओसी शुरु करने के लिए तब तक इंतजार करने की सलाह दी जाती है जब तक कि आप यह सुनिश्चित न कर लें कि आप गर्भवती नहीं हैं।

आपातकालीन गर्भनिरोधक लेने के बाद:

• ईसीपी लेने के तुरंत बाद आप सीओसी शुरू या दोबारा शुरू कर सकती हैं। आपको अगले पीरियड का इंतजार करने की कोई जरूरत नहीं है। लगातार उपयोग करने वाली महिलाएं जिन्हें गोली लेने की गलतियों के कारण ईसीपी की आवश्यकता थी, वह वहीं से जारी रख सकती हैं जहां से उन्होंने अपने वर्तमान पैक को  छोड़ा था। पहले 7 दिनों तक बैकअप विधि का उपयोग करने की सलाह दी जाती है।

गर्भनिरोधक गोलियों के आम दुष्प्रभाव

जब आप सीओसी लेना शुरू करती हैं, तो आपको ये सामान्य दुष्प्रभाव हो सकते हैं :

• पहले कुछ महीनों में, अनचाहे समय पर अनियमित रक्तस्राव। इसके बाद हल्का, कम और अत्यधिक रक्तस्राव 

• सिरदर्द

• स्तनों को छूने पर दर्द महसूस होना

• वजन में बदलाव

• मूड स्विंग

यदि आप इन दुष्प्रभावों का अनुभव करती हैं तो क्या करें?

डॉ पारिख के अनुसार, दुष्प्रभाव बीमारी के लक्षण नहीं हैं। इनमें से अधिकांश आमतौर पर पहले कुछ महीनों के भीतर हल्के या कम हो जाते हैं।  गर्भनिरोधक गोलियों का सेवन करने वाली सभी महिलाओं को इसका अनुभव नहीं होता है।

इसका सबसे अच्छा तरीका है सीओसी लेते रहना चाहिए। गोलियां छोड़ना गर्भावस्था को जोखिम में डालता है और कुछ दुष्प्रभाव को और भी बदतर कर सकता है। हर दिन एक ही समय पर गोली लेने से अनियमित ब्लीडिंग को कम करने में मदद मिलती है और खुराक छूटने का खतरा भी कम हो जाता है।

इसके अलावा, भोजन के साथ या सोते समय गोलियां लेने से जी मिचलाने से बचने में मदद मिलती है। यदि दुष्प्रभाव आपको परेशान करते हैं या सामान्य रूप से कार्य करने की आपकी क्षमता को प्रभावित करते हैं, तो अपने डॉक्टर से बात करें।

गर्भनिरोधक गोलियां कब नहीं लेनी चाहिए?

जीवनशैली से जुड़ी कुछ आदतें और स्वास्थ्य समस्याओं के दौरान सीओसी लेने की सलाह नहीं दी जाती है। इसमे शामिल है:

  • यदि आप 35 वर्ष या उससे अधिक उम्र की हैं और धूम्रपान करती हैं, तो सीओसी  न लें। यदि आप एक दिन में 15 से कम सिगरेट पीती हैं तो आप गर्भनिरोधक के अन्य तरीकों जैसे पैच या रिंग के विकल्प के बारे में सोच सकती हैं।
  • लिवर की बीमारी (गंभीर सिरोसिस या लिवर ट्यूमर, वायरल हेपेटाइटिस या पहले कभी पीलिया से ग्रसित रह चुकी महिला), उच्च रक्तचाप, 20 से अधिक वर्षों से डायबिटीज  (आंख से जुड़ी समस्या, किडनी, धमनियों या डायबिटीज के कारण तंत्रिका तंत्र को नुकसान), पित्ताशय की थैली के रोग जैसी समस्याओं के मामले में सीओसी या हार्मोन-आधारित गर्भनिरोधक विधियों की सलाह नहीं दी जाती है।  

इन गोलियों को लेना कब बंद कर देना चाहिए

गर्भनिरोधक गोलियां एक सुरक्षित दीर्घकालिक गर्भनिरोधक विधि हो सकती हैं और जब तक आप अपने प्रजनन अवधि में और यौन रुप से सक्रिय हैं, तब तक आप उन्हें लेते रह सकती हैं। लेकिन कुछ इन परिस्थितियों में आप गोली छोड़ सकती हैं:

  • यदि आप गर्भवती होना चाहती हैं: बेशक, यदि आप गर्भवती होना चाहती हैं, तो गोली का सेवन बंद करना आवश्यक हो जाता है। गोली छुड़ाने का सही तरीका इस बात पर निर्भर करता है कि आप किस तरह की गोली ले रही हैं - क्या यह सीओसी है या केवल प्रोजेस्टेरोन वाली गोली है? गोली की प्रकृति के आधार पर, बीच में रोकना ठीक नहीं है क्योंकि यह आपके चक्र को बदल सकता है। इसलिए सबसे अच्छा उपाय यह है कि वर्तमान पैक को खत्म करें और फिर रोकने से पहले एक मासिक चक्र को गुजर जाने दें।

 

  • यदि आप यौन रूप से सक्रिय नहीं हैं: यदि आप अब यौन रूप से सक्रिय नहीं हैं, तो गर्भनिरोधक गोलियों का उपयोग बेमानी हो जाता है। इस मामले में, आप गोली छोड़ सकती हैं। एक बार फिर, सही तरीका यह है कि आप जिस पैक का उपयोग कर रही हैं उसे खत्म करें और फिर बंद कर दें, ताकि आपका मासिक धर्म चक्र अनियमित न हो। इस दौरान यदि आप फिर से यौन रुप से सक्रिय होना चाहती हैं, तो आप गोली लेना फिर से शुरू कर सकती हैं जैसे आपने पहली बार किया था। गोली लेने के पहले सात दिनों तक गर्भनिरोधक की बैक-अप विधि जैसे कंडोम का उपयोग करने की सलाह दी जाती है।

 

  • यदि आप मेनोपॉज के दौर में हैं : एक बार जब आप मेनोपॉज के करीब पहुंच जाती हैं, तो आप बेशक गोली को अलविदा कह सकती हैं। गोली बंद करने से पहले आपको अपने स्त्री रोग विशेषज्ञ से सलाह ले लेनी चाहिए, क्योंकि यह एक ऐसा समय है जब महिला के शरीर में हार्मोन तेजी से बदलते हैं। गोली को जल्दबाजी में छोड़ने से यह और भी बढ़ सकता है।

संक्षेप में, जब तक आप किसी मौजूदा स्वास्थ्य समस्या से पीड़ित न हो, तब तक गर्भनिरोधक के रूप में ये गोलियां लेना कोई बुरा विकल्प नहीं है, जैसा कि अक्सर माना जाता है। हमें उम्मीद है कि गर्भनिरोधक गोलियों के बारे में आपको जो कुछ भी जानने की जरूरत है, उससे जुड़ी यह जानकारी आपको अपने यौन जीवन और यौन स्वास्थ्य के बारे में निर्णय लेने के लिए सशक्त बनाएगी।

तस्वीर में मॉडल का इस्तेमाल किया गया है।

कोई सवाल? हमारे फेसबुक पेज पर लव मैटर्स (एलएम) के साथ उसे साझा करें या हमारे चर्चा मंच पर एलएम विशेषज्ञों से पूछें। हम Instagram, YouTube  और Twitter पे भी हैं!

क्या आप इस जानकारी को उपयोगी पाते हैं?

Comments
नई टिप्पणी जोड़ें

Comment

  • अनुमति रखने वाले HTML टैगस: <a href hreflang>