हमने एचआईवी/एड्स को लेकर प्रचलित मिथ्याओं को तोड़ना शुरू किया कुछ हफ्ते पहलेI लेकिन बहुत सारे और भी मिथ्या और गलत धारणाएं हैं जो इससे जुडी हैंI तो इस हफ्ते हम और भी मिथ्या तोड़ेंगे और आप तक पहुचाएंगे सही जानकारीI हम चाहते हैं की आपको वो सारी जानकारी दे सकें जो आपको सुरकहित रखने में पुरी मदद करेI
लीसा और जो हाई स्कूल से एक दूसरे से प्यार करते थे और उन्होंने 18 साल की उम्र में शादी कर लीI लीसा का पहला सेक्स पार्टनर जो ही था, और हालाँकि सेक्स लीसा के लिए शुरू से ही तकलीफ और दर्द से भरा अनुभव था और शादी के तुरंत बाद ही वो गर्भवती हो गयी थीI आप सोच रहे होंगे की ये कैसे संभव है की लीसा माँ बनने के बाद भी वर्जिन है?
सब कुछ खो गया, ज़िन्दगी बर्बाद हो गयी और अब शायद खुशियां कभी नहीं लौटेंगी- ब्रेकअप के बाद मन के भाव कुछ ऐसे ही होते हैं, है न? ऐसा लगता है की इस दर्द से आप कभी नहीं उबर पाएंगेI लेकिन आस मत छोड़िये- पेश हैं आपके लिए हमारी कुछ टिप्स...
बहुत सी महिलाएं कई बार सेक्स के दौरान दर्द महसूस करती हैंI लेकिन सेक्स के दौरान होने वाला दर्द अगर लगातार बना रहे तो आपको तुरंत डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिएI
"रोहित और मेरे बीच एक स्वस्थ शारीरिक रिश्ता था साथ होने के दो साल बाद भी," संजना बताती हैंI "तो जब मुझे पता चला की वो पोर्न देखकर हस्तमैथुन करता है, मुझे विश्वास नहीं हुआI"
बिस्तर में नाखुश युगल - अगर आपका साथी आपसे ज़्यादा या कम सेक्स की चाह रखे तो क्या? ये काफी अजीब बात हो सकती है, और काफी दुखदायी भी, लेकिन इसका मतलब ये नहीं की रिश्ता ख़त्म ही हो जाये - अगर दोनों युगल साथ में इस उलझन का हल निकाले तो स्तिथि संभल सकती हैI
यदि आपको सेक्स की ज़रूरत महसूस नहीं होती और किसी के लिए आकर्षण भी नहीं है तो आप एसेक्शुअल हैंI यह स्थिति खुद अपनी मर्ज़ी से सेक्स न करने का फैसला करने से भिन्न हैI असेक्सुअलिटी दुर्लभ स्थिति भी है- केवल एक प्रतिशत लोग एसेक्शुअल हैंI
बेल्जियम में की गयी एक रिसर्च से पता चलता है कि महिलाओं में गर्भ नियंत्रण या दूसरे हार्मोन गर्भाधान के उपाय अपनाने से सेक्स की चाह कम हो सकती हैI लेकिन सेक्स कि चाह केवल हरोमन्स के स्तर पर ही निर्भर नहीं है- इस पर महिलाओं कि मनोदशा और उनके पार्टनर की सेक्स में दिलचस्पी का भी असर पड़ता हैI